
जब इंसानियत बनी सबसे बड़ा मज़हब—इज्तेमाई निकाह में हिंदू–मुस्लिम समाज ने रचा सौहार्द का इतिहास ….हिंदू मुस्लिम समाज बना परिवार …रची गंगा–जमुनी तहज़ीब की नई मिसाल
रायगढ़।
रायगढ़ में आयोजित इज्तेमाई निकाह कार्यक्रम ने एक बार फिर यह साबित कर दिया कि इंसानियत, मोहब्बत और भाईचारा किसी एक मज़हब की सीमाओं में बंधा नहीं होता। सामूहिक विवाह के इस आयोजन में हिंदू और मुस्लिम समाज की साझा सहभागिता ने सामाजिक समरसता की एक सशक्त और प्रेरणादायी तस्वीर प्रस्तुत की। विवाह जैसे पवित्र अवसर पर दोनों समुदायों का एक परिवार की तरह शामिल होना आपसी विश्वास, सौहार्द और गंगा–जमुनी तहज़ीब की जीवंत मिसाल बनकर उभरा।

शनिवार को ऑल मुस्लिम वेलफेयर फाउंडेशन के तत्वावधान में आयोजित इज्तेमाई निकाह (सामूहिक विवाह) कार्यक्रम ने सामाजिक सौहार्द और भाईचारे की एक बेहतरीन मिसाल पेश की। जश्ने शादी के इस आयोजन में धर्म की सीमाएं टूटती नज़र आईं, जहां हिंदू और मुस्लिम समाज के लोग पूरे उत्साह के साथ घराती और बाराती बने।

कार्यक्रम में 11 मुस्लिम जोड़ों और 1 हिंदू जोड़े का विवाह अपने-अपने धार्मिक रीति-रिवाजों के अनुसार, गणमान्य अतिथियों की गरिमामयी उपस्थिति में संपन्न हुआ। विवाह समारोह में शहर के विभिन्न राजनीतिक दलों के नेता , सामाजिक कार्यकर्ता एवं प्रबुद्ध नागरिक बड़ी संख्या में उपस्थित रहे और नवविवाहित जोड़ों को आशीर्वाद प्रदान किया। आयोजित इज्तेमाई निकाह कार्यक्रम के संयोजक शेख अतहर हुसैन बिलासपुर संभाग अध्यक्ष आल मुस्लिम वेलफेयर फाउंडेशन द्वारा कार्यक्रम से शामिल होने आए सभी अतिथियों का स्वागत किया।

अतिथियों में प्रमुख रूप से पूर्व कैबिनेट मंत्री जनाब शफी अहमद, ऑल मुस्लिम वेलफेयर फाउंडेशन के प्रदेश अध्यक्ष जनाब मोहम्मद सिराज,प्रदेश उपाध्यक्ष जुबैर महमूद खान ,रायपुर सीरतुन्नबी कमेटी सदर सोहेल सेठी, गुलाम रहमान खान सदस्य हज कमेटी छ ग शासन, जनाब मोहम्मद इरशाद अध्यक्ष दरगाह लूथरा शरीफ, रियाज़ अशरफी सचिव दरगाह लूथरा शरीफ, जनाब उस्मान खादिम ए आस्ताना, फिरोज भाई, रौशन खान लूतरा शरीफ, आस्ताना दादी अम्मा आस्ताना शरीफ, अब्दुल रहीम बिलासपुर संभाग सचिव, शाजिरशीद बिलासपुर संभाग अध्यक्ष, यासिर अराफ़ात पेंड्रा जिला अध्यक्ष, मोहम्मद सुभान चांपा जिला अध्यक्ष, शेख निजामुद्दीन सारंगढ़ जिला अध्यक्ष, शाहजहां खान सारंगढ़ जिला सचिव,मिर्जा आजम बिलासपुर जिला अध्यक्ष, नवेद खान सचिव बिलासपुर,आरिफ सेठ कोरबा जिला संरक्षक, हाजी सैफुद्दीन बिलासपुर संभाग उपाध्यक्ष शामिल रहे। सभी ने इस आयोजन को समाज के लिए प्रेरणादायी बताते हुए इसकी सराहना की।


कार्यक्रम के दौरान डीएसपी सुशांतो बनर्जी सहित विभिन्न राजनीतिक दलों और समाजिक संगठनों के नेता में प्रमुख रूप से डॉ राजू अग्रवाल, नागेंद्र नेगी कांग्रेस अध्यक्ष, शिक्षाविद रामचंद्र शर्मा, कांग्रेसी नेता दीपक पांडे, पूर्व सभापति सलीम नियरिया, उमेश अग्रवाल पूर्व भाजपा जिला अध्यक्ष, पूर्व सभापति पार्षद सुरेश गोयल, भाजपा नेता गुजराती समाज के प्रमुख मुकेश जैन, वरिष्ठ भाजपा नेता मंजुल दीक्षित, भाजयुमो जिला अध्यक्ष सुमित शर्मा, कांग्रेसी नेता संजय देवांगन, दीपक मंडल, मो इस्लाम जिला कांग्रेस उपाध्यक्ष अंबिकापुर,हाजी रहमत खान गौसिया कमेटी सदर अंबिकापुर, मो शकील भाई झारसुगड़ा, सिंधी समाज कच्ची खोली संत कंवर राम कॉलोनी की ओर से नंदलाल मोटवानी, भरत वलेचा, बिहारीलाल बलेचा, राजकुमार कटारिया, शंकरलाल अम्बुवानी, सिख समाज की ओर से जॉली सिंह टुटेजा, अग्र समाज के मुकेश मित्तल, युवा नेता लोकेश साहू, राम जाने भारद्वाज, अमित सोनी जलसा मैरिज गार्डन, सीरतुन्नबी कमेटी के अध्यक्ष हाजी शेख मुबसिर हुसैन, जामा मस्जिद अध्यक्ष मो आवेश, हाजी शेख अब्दुल्लाह सदर मस्जिद गरीब नवाज, मोइन खान सदर मदरसा गौसुलवरा, हाजी मो अशरफुद्दीन सदर साबरी मस्जिद, शेख सुलेमान सदर मस्जिद कनीज फातिमा रेगड़ा,


मो शमसीर भाई, मो नौशाद, मो इदरीस, मो रिजवान, मोहसिन हसन, हाजी शरीफ़ सिद्दीकी, मो ताज, शानू साबरी, मो अखलाक, शब्बीर अहमद युनुस भाई, गुलाब खान, मुनीर भाई के साथ आल मुस्लिम वेलफेयर फाउंडेशन के अध्यक्ष वसीम खान, महासचिव वारिस खान सहित सभी पदाधिकारी व सदस्यों ने कार्यक्रम को सफल बनाने में जुटे रहे। मंच संचालन ह हाजी शेख कलीमुल्लाह वारसी और ने किया।

कार्यक्रम में शामिल अतिथियों और नागरिकों ने कमेटी के प्रयासों को समाज के लिए अनुकरणीय बताया। वक्ताओं ने कहा कि ऐसे आयोजनों से न केवल आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों को सहारा मिलता है, बल्कि समाज में आपसी विश्वास, भाईचारा और सौहार्द भी मजबूत होता है। विशेष रूप से हिंदू–मुस्लिम समाज की संयुक्त सहभागिता ने यह संदेश दिया कि रायगढ़ की सामाजिक संरचना आज भी गंगा-जमुनी तहज़ीब की जीवंत मिसाल है। पूर्व भाजपा अध्यक्ष उमेश अग्रवाल ने इज्तेमाई निकाह के साथ विवाह का भी इंतजाम रखा इसे वर्तमान परिवेश में बहुत सकारात्मक संदेश दिया है।

समारोह का आयोजन यह दूसरा वर्ष शनिवार को जलसा मैरिज गार्डन, बोइरदादर रायगढ़ में संपन्न हुआ। जहां सामाजिक समरसता, सहयोग और मानवता का संदेश स्पष्ट रूप से देखने को मिला। यह सामूहिक विवाह न सिर्फ समाज के कुरीतियों और मितव्ययता को लेकर बेहतरीन संदेश देते हुए समाज को एकजुटता और भाईचारे का मजबूत संदेश भी दे गया।




